प्री-ऑथ फ़ॉर्म कैसे भरें — कैशलेस इलाज के लिए

प्री-ऑथ फ़ॉर्म अस्पताल की तरफ़ से बीमा कंपनी या TPA को भेजा गया कैशलेस इलाज का अनुरोध है। इसका एक हिस्सा मरीज़ या परिजन भरते हैं (पॉलिसी नंबर, कार्ड आईडी, पता, घोषणा), और दूसरा हिस्सा इलाज करने वाले डॉक्टर (बीमारी कब से है, संभावित निदान और ICD-10 कोड, इलाज का तरीका, भर्ती की जानकारी और हर मद का ख़र्च)। IRDAI के 2024 के नियम के अनुसार कैशलेस पर फ़ैसला एक घंटे में और डिस्चार्ज की अंतिम मंज़ूरी तीन घंटे में आनी चाहिए।

Step by step

  1. सही फ़ॉर्म लें

    मरीज़ का हेल्थ कार्ड देखें। उस पर TPA का नाम है तो उसी TPA का फ़ॉर्म और पोर्टल, नहीं तो बीमा कंपनी का। ज़्यादातर कंपनियाँ IRDAI का स्टैंडर्ड कैशलेस फ़ॉर्म भी लेती हैं। Medilock की डायरेक्टरी से मुफ़्त डाउनलोड करें।

  2. मरीज़ का हिस्सा

    नाम, उम्र, लिंग, मोबाइल, पता; पॉलिसी नंबर, मेंबर/कार्ड आईडी, ग्रुप पॉलिसी में कर्मचारी आईडी; कोई और हेल्थ इंश्योरेंस है तो उसकी जानकारी। मरीज़ या परिजन हस्ताक्षर करें।

  3. डॉक्टर का हिस्सा

    तकलीफ़ और वह कब से है, पहली बार कब दिखाया, संभावित निदान और ICD-10 कोड, इलाज का तरीका (दवा, सर्जरी, ICU), सर्जरी का नाम। दुर्घटना में MLC/FIR, प्रसव में G P L A और संभावित तारीख़।

  4. भर्ती और ख़र्च का अनुमान

    भर्ती की तारीख़-समय, इमरजेंसी या प्लान्ड, कितने दिन, ICU के दिन, कमरे का प्रकार; और हर मद का ख़र्च अलग-अलग — कमरा, जाँच, ICU, OT, डॉक्टर फ़ीस, दवाइयाँ, इम्प्लांट, कुल।

  5. दस्तावेज़ लगाकर भेजें

    हेल्थ कार्ड, फ़ोटो आईडी, डॉक्टर की सलाह, जाँच रिपोर्ट। पोर्टल पर अपलोड करें या प्री-ऑथ ईमेल पर भेजें — इमरजेंसी में 24 घंटे के अंदर, प्लान्ड भर्ती में 48–72 घंटे पहले (पॉलिसी के अनुसार)।

  6. क्वेरी का उसी दिन जवाब दें

    क्वेरी रिजेक्शन नहीं है। जो पूछा गया है वही दस्तावेज़ उसी दिन भेजें।

प्री-ऑथ बार-बार क्यों लौटता है

कैशलेस मना हो जाए तो

कैशलेस मना होना क्लेम रिजेक्ट होना नहीं है। मरीज़ बिल चुकाकर रीइम्बर्समेंट क्लेम कर सकता है। क्लेम रिजेक्ट हो तो ग्रीवेंस ऑफ़िसर, बीमा भरोसा और बीमा लोकपाल के पास जाया जा सकता है। Medilock यह काम मरीज़ों और अस्पतालों दोनों के लिए करता है।

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प्री-ऑथ फ़ॉर्म कहाँ से डाउनलोड करें?

medilock.in/pre-auth-forms से — सभी प्रमुख बीमा कंपनियों और TPA के फ़ॉर्म, पोर्टल लिंक और ईमेल आईडी, अस्पतालों के लिए मुफ़्त।

प्री-ऑथ की मंज़ूरी में कितना समय लगता है?

IRDAI के 2024 के मास्टर सर्कुलर के अनुसार एक घंटे में फ़ैसला, और डिस्चार्ज की अंतिम मंज़ूरी तीन घंटे में।

प्री-ऑथ फ़ॉर्म कौन भरता है?

मरीज़ वाला हिस्सा मरीज़ या परिजन, और मेडिकल हिस्सा इलाज करने वाले डॉक्टर भरते हैं। अस्पताल का इंश्योरेंस डेस्क इसे भेजता है।

कैशलेस मना हो जाए तो क्या करें?

बिल चुकाकर रीइम्बर्समेंट क्लेम करें। वह भी रिजेक्ट हो तो लिखित शिकायत, बीमा भरोसा और बीमा लोकपाल।